Content Syndication क्या है और इसे किस तरह से पब्लिश करे

Designed by slidesgo / Freepik“>

Syndicate Post क्या है

अक्सर सभी ब्लॉगर लगातार ब्लॉग पर पोस्ट पब्लिश नहीं कर पाते है।

कोई टाइम नहीं होने के वजह से नहीं ऐसा कर पाता है, तो कोई टॉपिक के कमी के वजह से।

लेकिन अगर आप चाहे, तो लगातार अपने ब्लॉग पर लगातार आर्टिकल पब्लिश कर सकते है और इसके लिए किसी नए कंटेंट खोजने की भी जरूरत आपको नहीं होगा।

ख़ैर मैं बात कर रहा हूँ Syndicate Post का जिसे पोस्ट रिपब्लिशिंग भी कहते है।

Syndicate Post क्या है

पहले से ही पब्लिश पोस्ट को, किसी दूसरे ब्लॉगर को पब्लिश करने के लिए परमिशन देना, ताकि वह सेम पोस्ट को दोबारा अपने ब्लॉग में पब्लिश कर सकें, इसे ही Syandicate Post कहते है।

Syndication is when you take content which is already published on your own site, and you give one or more other parties permission to post a copy of that content on their site.

Search Engine Land

जैसे Unamo के इस टाइटल टैग वाले पोस्ट को

word image 17

मीडियम साइट में दोबारा Unamo के द्वारा ही पब्लिश किया गया।

word image 18

Source: Medium

और इस पोस्ट के अंत में ओरिजनल सोर्स का भी लिंक दिया गया।

word image 19

Post Syndication से दोनों (Republisher & Original Author) को फायदा मिलता है।

जहाँ पब्लिश करने वालों को बैठे बैठाए कंटेंट मिल जाता है, तो वहीं ओरिजनल राइटर को ट्रैफिक भी मिलता है, इसके अलावा अगर कॉपी करने वाले साइट का ऑथोरिटी ज्यादा है, तो ओरिजनल वाले का साइट भी इंप्रूव होता है।

Post Syndication Tactics

आपको मालूम होना चाहिए कि बहुत सारे फेमस साइट दूसरे एक्सपर्ट का ब्लॉग को अपने साइट पर रिपब्लिश करते रहते है और इसके अलावा वह भी दूसरे ब्लॉगर को खुद का पोस्ट रिपब्लीश करने का परमिशन देते है।

परमिशन के लिए आप संबंधित साइट का ऑनर से कॉन्टेक्ट पेज या सोशल साइट्स से संपर्क कर सकते है।

ट्रांसलेशन

आप किसी पोस्ट को री-पब्लिश कर सकते है, वह भी बिना क्रेडिट दिए। जैसे अगर कोई इंग्लिश में है, तो उसे आप हिंदी में पब्लिश कर सकते है।

और इस समय गूगल के पास ऐसा कोई एल्गोरिथम नहीं, जो किसी डुप्लीकेट कन्टेंट को डिटेक्ट करके, दण्डित कर सके।

word image 20

Source: Twitter

लेकिन गूगल वेब मास्टर ओरिजनल पोस्ट को लिंक इंडेक्स करता है और बाकि के यूआरएल को नहीं इंडेक्स करता है।

इसके लिए आपको री पब्लिश पोस्ट में ओरिजनल पोस्ट का लिंक देना होगा, इसके अलावा गूगल या बिंग से इस पोस्ट को इंडेक्स नहीं करने के लिए कहना होगा।

इसके लिए आपको Link Canonical के द्वारा डुप्लीकेट पोस्ट को इंडेक्स होने से बचाना है।

बीबीसी जैसे न्यूज साइट अक्सर किसी पोस्ट को इंग्लिश में पब्लिश करते है और बाद में जरूरत पड़ने पर हिन्दी में भी पब्लिश करते है।

लेकिन यदि आप भी अपने पोस्ट को दोबारा पब्लिश करने का परमिशन देते है, तो पहले उस पोस्ट को गूगल या बिंग में इंडेक्स होने दे, वरना डुप्लीकेट पोस्ट इंडेक्स होकर आपके ओरिजनल पोस्ट को इंडेक्स नहीं होने दे।

Conclusions

Content Syndication के और भी बहुत से फायदे है।

जैसे: अगर कोई किसी और ब्लॉग के किसी पोस्ट को दोबारा पब्लिश करता है और इसके बदले ओरिजनल वाले लिंक देता है, तो उसे do-follow बैकलिंक मिलता है, जिसके वजह से उसका पेज और डोमेन ऑथोरिटी दोनों बढ़ता है।

तो आज का यह पोस्ट आपको कैसा लगा हमे कॉमेंट करके जरुर बताए और हो सके तो इसे अपने दोस्तों को सोशल मीडिया के द्वारा जरुर शेयर करे और दोस्तों के इसके बारे में डिस्कस भी कर सकते है।

मेरे ब्लॉग से जुड़ने के लिए ब्लॉग सब्सक्राइब ज़रूर कर ले, ताकि नया पोस्ट का नोटिफिकेशन आपको मिलता रहे।

अब अंत में इस पोस्ट को पढ़ने के लिए धन्यवाद्।

Leave a Reply

%d bloggers like this: